घर पर सौरमंडल का मॉडल बनाओ

घर पर सौरमंडल का मॉडल बनाओ

किताबों में सौरमंडल की तस्वीर देखी है? सब ग्रह एक सुंदर कतार में सजे हुए। देखने में अच्छे लगते हैं, लेकिन असल में ग्रह ऐसे नहीं होते। वो सब अलग-अलग जगहों पर, अलग-अलग रफ़्तार से सूरज के चारों तरफ घूम रहे होते हैं। सौरमंडल को सच में समझना हो तो एक काम करो, खुद अपना सौरमंडल बनाओ! और इसके लिए किसी बड़ी लैब की ज़रूरत नहीं। घर की डाइनिंग टेबल काफी है।

यह activity 5 साल से बड़े बच्चों के लिए है, लेकिन छोटे बच्चे भी माँ या पापा के साथ मज़े से कर सकते हैं। इसमें करीब एक घंटा लगेगा, और जब यह तैयार होगा तो कमरे की छत से लटका बेहद शानदार लगेगा। थर्मोकोल की दुकान से अलग-अलग साइज़ की गोलियाँ लेकर आओ, होली के रंग या poster colours, धागा, एक हैंगर या लकड़ी की छड़ी, और थोड़ी सी मेहनत। बस!

कैसे बनाएँ

सबसे पहले सूरज बनाओ। सबसे बड़ी गोली को पीले और नारंगी रंग से रंगो। रंग सूखने से पहले दोनों को मिला दो ताकि वो असली सूरज जैसा घुला-मिला दिखे। सूरज एक शांत गेंद नहीं है, वो एक धधकता हुआ तारा है, इसलिए जितना मनमाना रंगो उतना बेहतर दिखेगा!

बाकी आठ ग्रहों की गोलियाँ छोटे से बड़े क्रम में रखो। बुध सबसे छोटा, एक कंचे जितना। शुक्र और पृथ्वी लगभग बराबर, थोड़े बड़े। मंगल पृथ्वी से थोड़ा छोटा और लाल-नारंगी रंग का। फिर आता है बृहस्पति, सबसे बड़ा ग्रह। इसे भूरी और क्रीम रंग की धारियों से रंगो और एक बड़ा लाल धब्बा बनाओ, जो असल में एक तूफ़ान है जो सैकड़ों सालों से चल रहा है!

शनि ग्रह सबसे मज़ेदार है। गत्ते से एक छल्ला काटो, उसे सुनहरे रंग से रंगो और शनि की गोली के बीच में लगाओ। शनि के छल्ले असल में अरबों बर्फ़ और पत्थर के टुकड़ों से बने हैं। अरुण नीला और वरुण गहरा नीला। पृथ्वी को सबसे ध्यान से रंगो, नीला पानी, हरी ज़मीन, सफ़ेद बादल। यही हमारा घर है!

जब सब सूख जाएँ, तो हर ग्रह में धागा बाँधो और हैंगर से लटकाओ। सूरज बीच में, बुध सबसे छोटे धागे पर, वरुण सबसे लंबे पर। कमरे की छत से लटकाओ और देखो कैसे तुम्हारा अपना सौरमंडल हिलता-डुलता है!

 

बनाते वक्त बातें करो

जब बृहस्पति रंग रहे हो, पूछो कि यह इतना बड़ा क्यों है। जब शनि का छल्ला बना रहे हो, बताओ कि ये छल्ले बर्फ़ से बने हैं। जब ग्रह लटका रहे हो, सोचो कि असल सौरमंडल में सूरज अगर एक बास्केटबॉल हो तो वरुण 300 मीटर दूर होगा! यह मॉडल असली scale में नहीं है, लेकिन यह सोचना ही कितना अद्भुत है।

जब मॉडल तैयार हो जाए तो वो सिर्फ सजावट नहीं है। जब भी बच्चा ऊपर देखेगा, उसे याद आएगा कि वो सूरज से तीसरे ग्रह पर रहता है, आठ ग्रहों वाले सौरमंडल में, एक सामान्य से तारे के चारों तरफ। यह याद दिलाते रहना ज़रूरी है।

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